तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।
आंसू जता देते है "दर्द" कैसा है, "बेरूखी" बता देती है "हमदर्द" कैसा है
नमक की तरह हो गयी है जिंदगी, लोग स्वादानुसार इस्तेमाल कर लेते हैं
अकेली रात बोलती बहुत है लेकिन सुन वही सकता है जो खुद भी अकेला हो
जब लोगों के दिल भर जाते हैं..... तो दूर जाने के बहाने अपने आप मिल जाते हैं.....!
कहते है प्यार में लोग जान तक दे देते है, पर जो किसी को टाइम नहीं दे सकता वो जान क्या देगा.
तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।
आंसू जता देते है "दर्द" कैसा है, "बेरूखी" बता देती है "हमदर्द" कैसा है
नमक की तरह हो गयी है जिंदगी, लोग स्वादानुसार इस्तेमाल कर लेते हैं
अकेली रात बोलती बहुत है लेकिन सुन वही सकता है जो खुद भी अकेला हो
जब लोगों के दिल भर जाते हैं..... तो दूर जाने के बहाने अपने आप मिल जाते हैं.....!
कहते है प्यार में लोग जान तक दे देते है, पर जो किसी को टाइम नहीं दे सकता वो जान क्या देगा.