किसी को इतना IGNORE मत करो की वह तुम्हारे बिना जीना सिख जाए
रिश्ते वो होते हैं जिसमे शब्द कम और समझ ज्यादा हो......
हमे बुरा न समझो जनाब हम दर्द लिखते है देते नहीं.
जान ले लेता है वो एक छोटा सा पल भी, जब बेहिसाब प्यार के बाद वो कहे की हम कभी एक नहीं हो सकते..
देख लिया खुद को बिजी रख कर भी फिर भी याद सिर्फ तुम्हारी आती हैं.
कुछ अजीब सा रिश्ता है उसके और मेरे दरमियां, ना नफरत की वजह मिल रही है ना मोहब्बत का सिला.
किसी को इतना IGNORE मत करो की वह तुम्हारे बिना जीना सिख जाए
रिश्ते वो होते हैं जिसमे शब्द कम और समझ ज्यादा हो......
हमे बुरा न समझो जनाब हम दर्द लिखते है देते नहीं.
जान ले लेता है वो एक छोटा सा पल भी, जब बेहिसाब प्यार के बाद वो कहे की हम कभी एक नहीं हो सकते..
देख लिया खुद को बिजी रख कर भी फिर भी याद सिर्फ तुम्हारी आती हैं.
कुछ अजीब सा रिश्ता है उसके और मेरे दरमियां, ना नफरत की वजह मिल रही है ना मोहब्बत का सिला.