प्रेम कि शिक्षा लेनी है तो भंवरे से लो. कठोर लकड़ी को छेद देने वाला भँवरा, कमल में स्वयं को बंद कर लेता है तो सिर्फ इसलिए कि उसे कमल से प्रेम होता है. यदि वह कमल को छेदकर बहार आ जायेगा तो कमल के प्रति उसका प्रेम रहा ही कहाँ?

प्रेम कि शिक्षा लेनी है तो भंवरे से लो. कठोर लकड़ी को छेद देने वाला भँवरा, कमल में स्वयं को बंद कर लेता है तो सिर्फ इसलिए कि उसे कमल से प्रेम होता है. यदि वह कमल को छेदकर बहार आ जायेगा तो कमल के प्रति उसका प्रेम रहा ही कहाँ?

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ईश्वर पर विश्वास बच्चे की तरह करो जिसको आप हवा में उछालो तो वो हंसता है डरता नहीं, क्योंकि वो जानता है कि आप उसे गिरने नहीं दोगे, ऐसा ही विश्वास ईश्वर पर करोगें तो वो तुम्हें कभी गिरने नहीं देगा।

दुष्टों से दुष्टता करने में कोई दोष नहीं है.

विचारों को पढ़कर छोड़ देने से जीवन में कोई बदलाव नहीं आता विचार तभी बदलाव लाते हैं जब विचारों को जीवन में उतारा जाता है

गलती कबूल करने और गुनाह छोड़ने में कभी देर ना करे क्योकिं सफर जितना लम्बा होगा वापसी उतनी मुश्किल हो जायेगी

जिन्हें बुलाना पड़े, समझ लो कि वो दूर है

जिस काम में काम करने की हद पार ना हो फिर वो काम किसी काम का नही

ईश्वर पर विश्वास बच्चे की तरह करो जिसको आप हवा में उछालो तो वो हंसता है डरता नहीं, क्योंकि वो जानता है कि आप उसे गिरने नहीं दोगे, ऐसा ही विश्वास ईश्वर पर करोगें तो वो तुम्हें कभी गिरने नहीं देगा।

दुष्टों से दुष्टता करने में कोई दोष नहीं है.

विचारों को पढ़कर छोड़ देने से जीवन में कोई बदलाव नहीं आता विचार तभी बदलाव लाते हैं जब विचारों को जीवन में उतारा जाता है

गलती कबूल करने और गुनाह छोड़ने में कभी देर ना करे क्योकिं सफर जितना लम्बा होगा वापसी उतनी मुश्किल हो जायेगी

जिन्हें बुलाना पड़े, समझ लो कि वो दूर है

जिस काम में काम करने की हद पार ना हो फिर वो काम किसी काम का नही