धोखा कोई एक देता है और, नफरत सबसे हो जाती है।
कुछ लोग बेवफ़ाई करने के बाद भी माफ़ी की उम्मीद कैसे कर सकते है मोहब्ब्त के नाम पर धोखा देकर ये लोग वफ़ा की उम्मीद कैसे रख सकते है!
बात चल निकली है तुम इश्क नहीं करते सब जान गए हैं तुम फरेब अच्छा नहीं करते जेब काटने आए थे बावला समझकर अंजाम भी चाहिए ब्लेड भी तीखा नहीं करते !!
धोखा देना आसान होता है, लेकिन धोखा सहना आसान नहीं होता है.
यहाँ पर अब न कर बात तू मोहब्बत कि साहेब हर कोई इस रास्ते से गुजरा हुआ है..! कुछ ने धोखा दिया हुआ है..! तो कुछ ने धोखा खाया हुआ है..!!
हक़ीक़त क्या है आँखों के सामने नजर आता है धोखे खाने से तजुर्बा अक़्सर बढ़ जाता है!
धोखा कोई एक देता है और, नफरत सबसे हो जाती है।
कुछ लोग बेवफ़ाई करने के बाद भी माफ़ी की उम्मीद कैसे कर सकते है मोहब्ब्त के नाम पर धोखा देकर ये लोग वफ़ा की उम्मीद कैसे रख सकते है!
बात चल निकली है तुम इश्क नहीं करते सब जान गए हैं तुम फरेब अच्छा नहीं करते जेब काटने आए थे बावला समझकर अंजाम भी चाहिए ब्लेड भी तीखा नहीं करते !!
धोखा देना आसान होता है, लेकिन धोखा सहना आसान नहीं होता है.
यहाँ पर अब न कर बात तू मोहब्बत कि साहेब हर कोई इस रास्ते से गुजरा हुआ है..! कुछ ने धोखा दिया हुआ है..! तो कुछ ने धोखा खाया हुआ है..!!
हक़ीक़त क्या है आँखों के सामने नजर आता है धोखे खाने से तजुर्बा अक़्सर बढ़ जाता है!