ज़िंदगी रही तो हर दिन तुम्हे याद करते रहेगे, भूल गया तो समझ लेना खुदा ने हमे याद कर लिया..
अपने रब के फैसले पर भला शक कैसे करुँ सजा दे रहा है अगर वो कुछ तो गुनाह रहा होगा..
दिल को कागज समझ रखा है क्या.. आते हो, जलाते हो, चले जाते हो
जान लेने पे तुले हे दोनो मेरी..इश्क हार नही मानता..दिल बात नही मानता।
“वो रोए तो बहुत, पर मुझसे मूह मोड़ कर रोए, कोई मजबूरी होगी तो दिल तोड़ कर रोए
जब दर्द सहने की आदत हो जाती है ना, तोह असू आना खुद ही बंद हो जाते है |
ज़िंदगी रही तो हर दिन तुम्हे याद करते रहेगे, भूल गया तो समझ लेना खुदा ने हमे याद कर लिया..
अपने रब के फैसले पर भला शक कैसे करुँ सजा दे रहा है अगर वो कुछ तो गुनाह रहा होगा..
दिल को कागज समझ रखा है क्या.. आते हो, जलाते हो, चले जाते हो
जान लेने पे तुले हे दोनो मेरी..इश्क हार नही मानता..दिल बात नही मानता।
“वो रोए तो बहुत, पर मुझसे मूह मोड़ कर रोए, कोई मजबूरी होगी तो दिल तोड़ कर रोए
जब दर्द सहने की आदत हो जाती है ना, तोह असू आना खुद ही बंद हो जाते है |