लाख तेरे चाहने वाले होंगे मगर तुझे महसूस सिर्फ मैंने किया है
खामोशियां बेवजह नहीं होती, कुछ दर्द आवाज छीन लिया करते हैं.
क्यों लगता है वो आसपास है जिसका दूर तक कोई सुराग नहीं।
एक घुटन सी होती है जीने में जब कोई दिल में तो रहता है पर साथ नहीं
दो पल भी नहीं गुज़रते तुम्हारे बिन, ये ज़िन्दगी ना जाने कैसे गुज़ारेंगे!
मै तब भी अकेला नहीं था, नहीं आज भी हु, तब यारो का काफिला था, आज यादो का कांरवा है
लाख तेरे चाहने वाले होंगे मगर तुझे महसूस सिर्फ मैंने किया है
खामोशियां बेवजह नहीं होती, कुछ दर्द आवाज छीन लिया करते हैं.
क्यों लगता है वो आसपास है जिसका दूर तक कोई सुराग नहीं।
एक घुटन सी होती है जीने में जब कोई दिल में तो रहता है पर साथ नहीं
दो पल भी नहीं गुज़रते तुम्हारे बिन, ये ज़िन्दगी ना जाने कैसे गुज़ारेंगे!
मै तब भी अकेला नहीं था, नहीं आज भी हु, तब यारो का काफिला था, आज यादो का कांरवा है