मुकुदर की लिखावट का एक ऐसा भी कायदा हो देर से किस्मत खुलने वालो का दुगना फायदा हो
जीवन वो फूल है, जिसमें कांटे तो बहुत है, मगर सौन्दर्य की भी कोई कमी नहीं
कहीं मिलेगी प्रशंसा तो, कहीं नाराजगीयो का बहाव मिलेगा कहीं मिलेगी दुआ तो, कहीं भावनाओ में दुर्भाव मिलेगा तू चलाचल राही अपने कर्मपथ पे जैसा तेरा भाव वैसा प्रभाव मिलेगा
अपने नॉलेज पर की हुई इन्वेस्टमेंट सबसे ज्यादा रिटर्न्स देती है
माँ बाप के साथ आपका सुलूक। वो कहानी है..... जिसे आप लिखते हैं.. .... और आपकी संतान आपको पढ़कर सुनाती है...।
आपको दिशा-निर्देशों की आवश्यकता नहीं है, बस अपने आप को टॉप पर देखो और चलते जाओ!
मुकुदर की लिखावट का एक ऐसा भी कायदा हो देर से किस्मत खुलने वालो का दुगना फायदा हो
जीवन वो फूल है, जिसमें कांटे तो बहुत है, मगर सौन्दर्य की भी कोई कमी नहीं
कहीं मिलेगी प्रशंसा तो, कहीं नाराजगीयो का बहाव मिलेगा कहीं मिलेगी दुआ तो, कहीं भावनाओ में दुर्भाव मिलेगा तू चलाचल राही अपने कर्मपथ पे जैसा तेरा भाव वैसा प्रभाव मिलेगा
अपने नॉलेज पर की हुई इन्वेस्टमेंट सबसे ज्यादा रिटर्न्स देती है
माँ बाप के साथ आपका सुलूक। वो कहानी है..... जिसे आप लिखते हैं.. .... और आपकी संतान आपको पढ़कर सुनाती है...।
आपको दिशा-निर्देशों की आवश्यकता नहीं है, बस अपने आप को टॉप पर देखो और चलते जाओ!