जो मेरा होता है उस पर किसी का हक़ तो क्या नज़र तक बर्दाश्त नहीं करती मै
कर लो नज़र अंदाज अपने हिसाब से, जब हम करेंगे तो बेहिसाब करेंगे
जैसे तुम सोचते हो वैसे हम है नहीं और जैसे हम है वैसा तुम सोच भी नहीं सकते
अगर आपका आसमान वाले से मजबूत रिश्ता है, तो आपका जमीन वाले कुछ नही बिगाड़ सकतें हैं...
समन्दर की तरह है हमारी पहचान ऊपर से खामोश और अंदर से तूफान
गमंडी लड़किया मुझसे दूर ही रहे क्यूंकि मनाना मुझे आता नहीं और भाव में किसी को देता नही
जो मेरा होता है उस पर किसी का हक़ तो क्या नज़र तक बर्दाश्त नहीं करती मै
कर लो नज़र अंदाज अपने हिसाब से, जब हम करेंगे तो बेहिसाब करेंगे
जैसे तुम सोचते हो वैसे हम है नहीं और जैसे हम है वैसा तुम सोच भी नहीं सकते
अगर आपका आसमान वाले से मजबूत रिश्ता है, तो आपका जमीन वाले कुछ नही बिगाड़ सकतें हैं...
समन्दर की तरह है हमारी पहचान ऊपर से खामोश और अंदर से तूफान
गमंडी लड़किया मुझसे दूर ही रहे क्यूंकि मनाना मुझे आता नहीं और भाव में किसी को देता नही