शेर अपना अकेला ही खुद शिकार करता है, और मै सिर्फ अपने ऐटिटूड से वार करता हूँ ||
औरो के लिए जीते थे तो किसी को शिकायत न थी, थोड़ा सा अपने लिए क्या सोचा ज़माना दुश्मन बन गया
जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं, रातों से लड़ना पड़ता |
बदले नहीं हे हम बस जान गए हे दुनिया को
मैं क्या हूँ ये सिर्फ में जानता हूँ बाकी दुनिया तो सिर्फ अंदाज़ा लगा सकती है
तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !
शेर अपना अकेला ही खुद शिकार करता है, और मै सिर्फ अपने ऐटिटूड से वार करता हूँ ||
औरो के लिए जीते थे तो किसी को शिकायत न थी, थोड़ा सा अपने लिए क्या सोचा ज़माना दुश्मन बन गया
जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं, रातों से लड़ना पड़ता |
बदले नहीं हे हम बस जान गए हे दुनिया को
मैं क्या हूँ ये सिर्फ में जानता हूँ बाकी दुनिया तो सिर्फ अंदाज़ा लगा सकती है
तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !