हमे खो दोगे तो पछताओगे बहुत, ये आखरी गलती जरा सोच समझकर करना…
अभी उड़ने दो इन कबूतरों को जब हम आएंगे आसमान खुद ही खाली हो जायेगा
बेटा प्यार से झुका सकता है हथियार से नहीं धोखे से मार सकता है वार से नहीं
हमको तोह सब ही पसंद करते है, अब क्या सबके हो जाए हम
समेट लो इन नाज़ुक पलों को नजाने ये लम्हा कल हो न हो, हो भी ये लम्हे क्या मालूम शामिल उन पलों में हम हो न हो
ख्वाब टूटे हैं मगर हौसले जिंदा है, हम वह है जहां मुश्किलें शर्मिंदा हैं
हमे खो दोगे तो पछताओगे बहुत, ये आखरी गलती जरा सोच समझकर करना…
अभी उड़ने दो इन कबूतरों को जब हम आएंगे आसमान खुद ही खाली हो जायेगा
बेटा प्यार से झुका सकता है हथियार से नहीं धोखे से मार सकता है वार से नहीं
हमको तोह सब ही पसंद करते है, अब क्या सबके हो जाए हम
समेट लो इन नाज़ुक पलों को नजाने ये लम्हा कल हो न हो, हो भी ये लम्हे क्या मालूम शामिल उन पलों में हम हो न हो
ख्वाब टूटे हैं मगर हौसले जिंदा है, हम वह है जहां मुश्किलें शर्मिंदा हैं