अगर दुआ कबूल न हो तो लोग भगवान भी बदल देते हैं.

अगर दुआ कबूल न हो तो लोग भगवान भी बदल देते हैं.

Share:

More Like This

जहर तो मैं पी गया लेकिन तकलीफ लोगों को तब हुई जब मैं उसके बावजुद जी गया।

किसी को चाह कर भी ना पाना दर्द देता है, मगर किसी को पाकर खो देना ज़िन्दगी तबाह कर देता है!

क्या पता था कि मोहब्बत ही हो जाएगी, हमें तो बस तुम्हारा मुस्कुराना अच्छा लगा था

जिन्हें मालूम है कि अकेलापन क्या होता है, वो लोग हमेशा दूसरो के लिए हाजिर रहते है।

तमनाओं की महफ़िल तो हर कोई सजाता है मगर पूरी उसकी होती हैं जो तकदीर लेकर आता है

इस दिल ने कभी भी किसी का बुरा नहीं चाहा, ये बात और है कि मुझे ये साबित करना नहीं आया।

जहर तो मैं पी गया लेकिन तकलीफ लोगों को तब हुई जब मैं उसके बावजुद जी गया।

किसी को चाह कर भी ना पाना दर्द देता है, मगर किसी को पाकर खो देना ज़िन्दगी तबाह कर देता है!

क्या पता था कि मोहब्बत ही हो जाएगी, हमें तो बस तुम्हारा मुस्कुराना अच्छा लगा था

जिन्हें मालूम है कि अकेलापन क्या होता है, वो लोग हमेशा दूसरो के लिए हाजिर रहते है।

तमनाओं की महफ़िल तो हर कोई सजाता है मगर पूरी उसकी होती हैं जो तकदीर लेकर आता है

इस दिल ने कभी भी किसी का बुरा नहीं चाहा, ये बात और है कि मुझे ये साबित करना नहीं आया।