प्रसन्नता वो पुरस्कार है जो हमे हमारी समझ के अनुरूप सबसे सही जीवन जीने पे मिलता है .
ख़ुशी तब मिलेगी जब आप जो सोचते हैं, जो कहते हैं और जो करते हैं, सामंजस्य में हों.
कुछ लोग जहाँ जाते हैं वहां खुशियाँ लाते हैं, कुछ लोग जब जाते हैं तब खुशियाँ लाते हैं.
किसी को अधिकार नहीं है कि वो बिना ख़ुशी पैदा किये उसका उपभोग करे .
प्रसन्नता कोई ऐसी चीज नहीं है जिसे आप भविष्य के लिए ताल दें; ये कुछ ऐसा है जिसे आप वर्तमान के लिए डिज़ाइन करते हैं.
जब आप किसी काम की शुरुआत करें, तो असफलता से मत डरें और उस काम को ना छोड़ें. जो लोग इमानदारी से काम करते हैं वो सबसे प्रसन्न होते हैं.
प्रसन्नता वो पुरस्कार है जो हमे हमारी समझ के अनुरूप सबसे सही जीवन जीने पे मिलता है .
ख़ुशी तब मिलेगी जब आप जो सोचते हैं, जो कहते हैं और जो करते हैं, सामंजस्य में हों.
कुछ लोग जहाँ जाते हैं वहां खुशियाँ लाते हैं, कुछ लोग जब जाते हैं तब खुशियाँ लाते हैं.
किसी को अधिकार नहीं है कि वो बिना ख़ुशी पैदा किये उसका उपभोग करे .
प्रसन्नता कोई ऐसी चीज नहीं है जिसे आप भविष्य के लिए ताल दें; ये कुछ ऐसा है जिसे आप वर्तमान के लिए डिज़ाइन करते हैं.
जब आप किसी काम की शुरुआत करें, तो असफलता से मत डरें और उस काम को ना छोड़ें. जो लोग इमानदारी से काम करते हैं वो सबसे प्रसन्न होते हैं.