सच है जब इंसान की जरूरत बदल जाती है तो उसका बात करने का तरीका भी बदल जाता है

सच है जब इंसान की जरूरत बदल जाती है तो उसका बात करने का तरीका भी बदल जाता है

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किस घुमान मैं हो मोहतरमा भुला दिया हमने तुझे

जैसा भी हूं अच्छा या बुरा अपने लिये हूं, मै खुद को नही देखता औरो की नजर से..!!

जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं, रातों से लड़ना पड़ता |

मेरे अकेलेपन का मजाक बनाने वालों जरा ये तो बताओ.. जिस भीड़ में तुम खड़े हो.. उसमे कौन तुम्हारा है..

तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !

ज़िंदगी की रेस में जो लोग आपको दौड़ कर नहीं हरा पाते..!! वही आपको तोड़ कर हारने की कोशिश करते है ..!!

किस घुमान मैं हो मोहतरमा भुला दिया हमने तुझे

जैसा भी हूं अच्छा या बुरा अपने लिये हूं, मै खुद को नही देखता औरो की नजर से..!!

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तू इतना भी बेहतरीन नही, जिस के लिऐ मै खुद को गिरा दूं !

ज़िंदगी की रेस में जो लोग आपको दौड़ कर नहीं हरा पाते..!! वही आपको तोड़ कर हारने की कोशिश करते है ..!!