हम अपना status दिलो पर update करते है WhatsApp पर नहीं
हक़ से दे तो तेरी “नफरत” भी सर आँखों पर, खैरात में तो तेरी “मोहब्बत” भी मंजूर नहीं…!
सबर कर अपना किस्सा नहीं कहानी हैं
रुठुंगा अगर तुजसे तो इस कदर रुठुंगा की ,, ये तेरीे आँखे मेरी एक झलक को तरसेंगी
ऐसे बनो की तुम नहीं वो तुम्हे खोने से डरे
झूठ इसलिए बिक जाता है क्योकि सच को खरीदने की सबकी औकात नहीं होती .
हम अपना status दिलो पर update करते है WhatsApp पर नहीं
हक़ से दे तो तेरी “नफरत” भी सर आँखों पर, खैरात में तो तेरी “मोहब्बत” भी मंजूर नहीं…!
सबर कर अपना किस्सा नहीं कहानी हैं
रुठुंगा अगर तुजसे तो इस कदर रुठुंगा की ,, ये तेरीे आँखे मेरी एक झलक को तरसेंगी
ऐसे बनो की तुम नहीं वो तुम्हे खोने से डरे
झूठ इसलिए बिक जाता है क्योकि सच को खरीदने की सबकी औकात नहीं होती .