अब मैं जब भी आऊंगी बस याद ही आऊंगी...!!
वक़्त आने दो बेटा जवाब भी देंगे हिसाब भी लेंगे और कह के लेंगे
किस्मत से लड़ने में मजा आ रहा है ना किस्मत मुझे जीतने दे रही है ना मैं हार मान रहा हूँ.
ख्वाब टूटे हैं मगर हौसले जिंदा है, हम वह है जहां मुश्किलें शर्मिंदा हैं
मिज़ाज ठंडा रखिए जनाब गर्म तो हमें सिर्फ चाय पसंद है
मुझको पढ़ पाना हर किसी के लिए मुमकिन नहीं, मै वो किताब हूँ जिसमे शब्दों की जगह जज्बात लिखे है
अब मैं जब भी आऊंगी बस याद ही आऊंगी...!!
वक़्त आने दो बेटा जवाब भी देंगे हिसाब भी लेंगे और कह के लेंगे
किस्मत से लड़ने में मजा आ रहा है ना किस्मत मुझे जीतने दे रही है ना मैं हार मान रहा हूँ.
ख्वाब टूटे हैं मगर हौसले जिंदा है, हम वह है जहां मुश्किलें शर्मिंदा हैं
मिज़ाज ठंडा रखिए जनाब गर्म तो हमें सिर्फ चाय पसंद है
मुझको पढ़ पाना हर किसी के लिए मुमकिन नहीं, मै वो किताब हूँ जिसमे शब्दों की जगह जज्बात लिखे है