मासूमियत इतनी भी नही होनी चाहिए की लोग आपके साथ वक्त गुजारे और आप उसे म्होब्बत समझे
पंख मिलते ही जो जमीन भूल जाता है वो ज्यादा दिन आकाश में उड़ नही पता है..
तू खुद की खोज में निकल, तू किस लिए हताश हैं. तू चल तेरे वज़ूद की समय को भी तलाश हैं.
अगर इंसान सच्चा होगा तो सब कुछ अच्छा होगा
यदि हम असफलता से शिक्षा प्राप्त करते हैं तो वह सफलता ही है
अपने जीवन मे चमत्कार होने का इंतेज़ार मत करो प्रयास करो और खुद एक चमत्कार बन जाओ।
मासूमियत इतनी भी नही होनी चाहिए की लोग आपके साथ वक्त गुजारे और आप उसे म्होब्बत समझे
पंख मिलते ही जो जमीन भूल जाता है वो ज्यादा दिन आकाश में उड़ नही पता है..
तू खुद की खोज में निकल, तू किस लिए हताश हैं. तू चल तेरे वज़ूद की समय को भी तलाश हैं.
अगर इंसान सच्चा होगा तो सब कुछ अच्छा होगा
यदि हम असफलता से शिक्षा प्राप्त करते हैं तो वह सफलता ही है
अपने जीवन मे चमत्कार होने का इंतेज़ार मत करो प्रयास करो और खुद एक चमत्कार बन जाओ।