मुश्किल वक़्त में किसी का सहारा बनो सलाहकार नही
अगर ज़िन्दगी में कामयाब होना चाहते हो…तो बोलने से ज़्यादा सुनने की आदत डालो…!!
किरण चाहे सूरज की हो या आशा की जीवन के सभी अंधकार को मिटा देती हैं
विदेश में विद्या मित्र के समान होती है, औषधि रोगियों कि मित्र होती है, पत्नी घर में मित्र होती है और मृतक का मित्र होता है- धर्म .
झूठी कसम से इंसान तो नही मरता मगर भरोसा जरूर मर जाता है
“भागते रहो अपने लक्ष्य के पीछे, क्यूंकि आज नहीं तो और कभी, करेंगे लोग गौर कभी, लगे रहो बस रुकना मत, आयेगा तुम्हारा दौर कभी।”
मुश्किल वक़्त में किसी का सहारा बनो सलाहकार नही
अगर ज़िन्दगी में कामयाब होना चाहते हो…तो बोलने से ज़्यादा सुनने की आदत डालो…!!
किरण चाहे सूरज की हो या आशा की जीवन के सभी अंधकार को मिटा देती हैं
विदेश में विद्या मित्र के समान होती है, औषधि रोगियों कि मित्र होती है, पत्नी घर में मित्र होती है और मृतक का मित्र होता है- धर्म .
झूठी कसम से इंसान तो नही मरता मगर भरोसा जरूर मर जाता है
“भागते रहो अपने लक्ष्य के पीछे, क्यूंकि आज नहीं तो और कभी, करेंगे लोग गौर कभी, लगे रहो बस रुकना मत, आयेगा तुम्हारा दौर कभी।”