एक ऐसा लक्ष्य भी होना चाहिए जो सुबह उठने पर मजबूर कर दे.

एक ऐसा लक्ष्य भी होना चाहिए जो सुबह उठने पर मजबूर कर दे.

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ठोकर इसलिए नहीं लगती कि इंसान गिर जाए बल्कि वो तो इसलिए लगती है कि इंसान सुधर जाए .

भरोशा करो लेकिन किसी के भरोशे मत रहो ।

परेशानियां हमारी कमजोरियां साबित नही करती बल्कि यह बताती है कि हमे और

काम मनुष्य का सबसे बड़ा रोग है. अज्ञान या मोह सबसे बड़ा शत्रु है. क्रोध मनुष्य को जला देने वाली भयंकर अग्नि है तथा आत्मज्ञान ही परम सुख है.

कपड़ों की “मैचिंग” बिठाने से, सिर्फ शरीर “सुंदर” दिखेगा रिश्तों व हालातों से, “मैचिंग” बिठा लीजिये पूरा जीवन सुंदर हो जाएगा

हुनर होगा तो दुनिया खुद कदर करेगी एडियाँ उठाने से किरदार ऊँचे नही होते

ठोकर इसलिए नहीं लगती कि इंसान गिर जाए बल्कि वो तो इसलिए लगती है कि इंसान सुधर जाए .

भरोशा करो लेकिन किसी के भरोशे मत रहो ।

परेशानियां हमारी कमजोरियां साबित नही करती बल्कि यह बताती है कि हमे और

काम मनुष्य का सबसे बड़ा रोग है. अज्ञान या मोह सबसे बड़ा शत्रु है. क्रोध मनुष्य को जला देने वाली भयंकर अग्नि है तथा आत्मज्ञान ही परम सुख है.

कपड़ों की “मैचिंग” बिठाने से, सिर्फ शरीर “सुंदर” दिखेगा रिश्तों व हालातों से, “मैचिंग” बिठा लीजिये पूरा जीवन सुंदर हो जाएगा

हुनर होगा तो दुनिया खुद कदर करेगी एडियाँ उठाने से किरदार ऊँचे नही होते