कुछ पाने के लिए कुछ करना पड़ता है
जिंदगी में कुछ फैसले बहुत सख्त होते है और यही फैसले जिंदगी का रुख बदल देते है.
ज़िंदगी को आसान नहीं बस खुद को मजबूत बनाना पड़ता है
रिश्तो में झुकना कोई अजीब बात नही, सूरज भी तो ढल जाता है चाँद के लिए.
मानव कितनी भी बनावट करे अंधेरे में "छाया" बुढ़ापे में "काया" और अंत समय में "माया" किसी का साथ नहीं देती
"निर्मल" रहिए... वरना
कुछ पाने के लिए कुछ करना पड़ता है
जिंदगी में कुछ फैसले बहुत सख्त होते है और यही फैसले जिंदगी का रुख बदल देते है.
ज़िंदगी को आसान नहीं बस खुद को मजबूत बनाना पड़ता है
रिश्तो में झुकना कोई अजीब बात नही, सूरज भी तो ढल जाता है चाँद के लिए.
मानव कितनी भी बनावट करे अंधेरे में "छाया" बुढ़ापे में "काया" और अंत समय में "माया" किसी का साथ नहीं देती
"निर्मल" रहिए... वरना