जो आपके शब्दों का "मूल्य" नहीं समझता उसके सामने मौन रहना ही बेहतर है.

जो आपके शब्दों का "मूल्य" नहीं समझता उसके सामने मौन रहना ही बेहतर है.

Share:

More Like This

कुछ पाने के लिए कुछ करना पड़ता है

विश्वाश में वो ताकत है जिससे हम जो चाहे संपत्ति खरीद सकते है

सुख और दुःख में सामान रूप से सहायक होना चाहिए।

हर बात दिल पे लगाओगे तो रोते रह जाओगे, जो जैसा है उसके साथ वैसा बनना सीखो.

आप ही अपने काम आएंगे... सीखिए ख़ुद से मशवरा करना....!!

ऊँचा उठने के लिए पंखों की जरुरत केवल पक्षियों को ही पड़ती है.. मनुष्य तो जितना विनम्रता से झुकता है उतना ही ऊपर उठता है।।

कुछ पाने के लिए कुछ करना पड़ता है

विश्वाश में वो ताकत है जिससे हम जो चाहे संपत्ति खरीद सकते है

सुख और दुःख में सामान रूप से सहायक होना चाहिए।

हर बात दिल पे लगाओगे तो रोते रह जाओगे, जो जैसा है उसके साथ वैसा बनना सीखो.

आप ही अपने काम आएंगे... सीखिए ख़ुद से मशवरा करना....!!

ऊँचा उठने के लिए पंखों की जरुरत केवल पक्षियों को ही पड़ती है.. मनुष्य तो जितना विनम्रता से झुकता है उतना ही ऊपर उठता है।।