वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटी समप्रभा,निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्व-कार्येशु सर्वदा॥
जब तकलीफ़ हो जीने में तब शिव को बसा लो सीने में "हर हर महादेव"
"सबसे पहला प्रेम ज़िन्दगी में उससे होना चाहिए, जिसने ये सब कुछ बनाया। उससे होना चाहिए जो बिना मांगे देता है।"
नमो नमो दुर्गे सुख करनी। नमो नमो दुर्गे दुःख हरनी॥
गायत्र्येव परो विष्णुर्गात्र्येव परः शिवः ।गायत्र्येव परो ब्रह्मा गायत्र्येव त्रयी ततः ॥
नमो नमो दुर्गे सुख करनी. नमो नमो अम्बे दुःख हरनी.!
वक्रतुण्ड महाकाय सूर्य कोटी समप्रभा,निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्व-कार्येशु सर्वदा॥
जब तकलीफ़ हो जीने में तब शिव को बसा लो सीने में "हर हर महादेव"
"सबसे पहला प्रेम ज़िन्दगी में उससे होना चाहिए, जिसने ये सब कुछ बनाया। उससे होना चाहिए जो बिना मांगे देता है।"
नमो नमो दुर्गे सुख करनी। नमो नमो दुर्गे दुःख हरनी॥
गायत्र्येव परो विष्णुर्गात्र्येव परः शिवः ।गायत्र्येव परो ब्रह्मा गायत्र्येव त्रयी ततः ॥
नमो नमो दुर्गे सुख करनी. नमो नमो अम्बे दुःख हरनी.!