क्या खबर थी की मुहब्बत हो जायेगी। हमें तो सिर्फ उनका मुस्कुराना अच्छा लगा था |
मोहब्बत कभी खत्म नही होती या तो बढ़ती है दर्द बनकर या फिर सुकून बनकर..।।
दिल में फीलिंग्स का समुन्दर आता है जब आपका रिप्लाई एक मिनट के अंदर आता है
“अगर प्यार है तो शक़ कैसा …अगर नहीं है तो हक़ कैसा
खुशिया मांगी थी मैंने खुदा से अपने लिया और देखो न मुझे तुम मिल गए
उससे बढ़कर मेरी खुशी क्या है, तुम सलामत रहो कमी क्या है,
क्या खबर थी की मुहब्बत हो जायेगी। हमें तो सिर्फ उनका मुस्कुराना अच्छा लगा था |
मोहब्बत कभी खत्म नही होती या तो बढ़ती है दर्द बनकर या फिर सुकून बनकर..।।
दिल में फीलिंग्स का समुन्दर आता है जब आपका रिप्लाई एक मिनट के अंदर आता है
“अगर प्यार है तो शक़ कैसा …अगर नहीं है तो हक़ कैसा
खुशिया मांगी थी मैंने खुदा से अपने लिया और देखो न मुझे तुम मिल गए
उससे बढ़कर मेरी खुशी क्या है, तुम सलामत रहो कमी क्या है,