वो दूर होकर भी पास हैं हमारी नहीं है फिर भी ख़ास है
बड़ी अजीब सी हैं शहरों की रौशनी.. उजालो के बावजूद चेहरे पहचानना मुश्किल हैं..
जिनको साथ नहीं देना होता वो अक्सर रूठ जाया करते हैं
मेरे मरने पर तो रोने वाले बहुत हैं तलाश उसकी है जो मेरे रोने से मर जाए
अगर तुम्हें यकीं नहीं, तो कहने को कुछ नहीं मेरे पास, अगर तुम्हें यकीं है, तो मुझे कुछ कहने की जरूरत नही !
दिल के रिश्ते कभी नहीं टूटते.. बस खामोश हो जाते है..
वो दूर होकर भी पास हैं हमारी नहीं है फिर भी ख़ास है
बड़ी अजीब सी हैं शहरों की रौशनी.. उजालो के बावजूद चेहरे पहचानना मुश्किल हैं..
जिनको साथ नहीं देना होता वो अक्सर रूठ जाया करते हैं
मेरे मरने पर तो रोने वाले बहुत हैं तलाश उसकी है जो मेरे रोने से मर जाए
अगर तुम्हें यकीं नहीं, तो कहने को कुछ नहीं मेरे पास, अगर तुम्हें यकीं है, तो मुझे कुछ कहने की जरूरत नही !
दिल के रिश्ते कभी नहीं टूटते.. बस खामोश हो जाते है..