हमारी गलतियों से कही टूट न जाना, हमारी शरारत से कही रूठ न जाना, तुम्हारा प्यार ही हमारी ज़िन्दगी है, इस प्यारे से बंधन को भूल न जाना .
दिन चढ़ा, दिन ढला, पर मेरा दिल उदास ही था, मुझसे कोई बहुत नाराज हैं, इसलिए आज हर पंछी उदास था.
चाँद तो हमसे दूर हैं, हम तो तेरे नूर पर फ़िदा हैं, ना जाने तू रूठा क्यूँ हैं हमसे, फिर भी सजा पाने खड़े हैं कबसे..
इस दिल को किसी की आहट की आस रहती है, निगाहों को किसी सूरत की प्यास रहती है, तेरे बिना जिंदगी में कोई कमी तो नहीं, फिर भी तेरे बिना जिंदगी उदास रहती है!!
संध्या की बैचेनी हैं तू, तेरी यादें इस कदर सताती हैं, दौड़ कर चले आते जहाँ हैं तू, काश हम पता जान पाते
अगर तुम देखना चाहो मेरे आँखों मै आंसु, तो मै रो रो के कहता हूं “चलो बस अब मान जाओ न”
हमारी गलतियों से कही टूट न जाना, हमारी शरारत से कही रूठ न जाना, तुम्हारा प्यार ही हमारी ज़िन्दगी है, इस प्यारे से बंधन को भूल न जाना .
दिन चढ़ा, दिन ढला, पर मेरा दिल उदास ही था, मुझसे कोई बहुत नाराज हैं, इसलिए आज हर पंछी उदास था.
चाँद तो हमसे दूर हैं, हम तो तेरे नूर पर फ़िदा हैं, ना जाने तू रूठा क्यूँ हैं हमसे, फिर भी सजा पाने खड़े हैं कबसे..
इस दिल को किसी की आहट की आस रहती है, निगाहों को किसी सूरत की प्यास रहती है, तेरे बिना जिंदगी में कोई कमी तो नहीं, फिर भी तेरे बिना जिंदगी उदास रहती है!!
संध्या की बैचेनी हैं तू, तेरी यादें इस कदर सताती हैं, दौड़ कर चले आते जहाँ हैं तू, काश हम पता जान पाते
अगर तुम देखना चाहो मेरे आँखों मै आंसु, तो मै रो रो के कहता हूं “चलो बस अब मान जाओ न”