अभी कदर नही है ना तुम्हे मेरी देखना एक दिन तड़पोगे मुझसे बात करने के लिए

अभी कदर नही है ना तुम्हे मेरी देखना एक दिन तड़पोगे मुझसे बात करने के लिए

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मै तुमको भूल तो जाऊं मगर छोटी सी उलझन है.. सुना है... दिल से धड़कन की जुदाई मौत होती है ..!

दिल पर लग जाती है उन्हें अक्सर हमारी बातें, जो कहते थे तुम कुछ भी बोलो बुरा नहीं लगता...

हमे पता है की तुम कहीं और के मुसाफिर हो, हमारा शहर तो यूँ ही बिच में आया था

तमाशा बन गयी है ज़िन्दगी कुछ कहे तो भी बुरे और कुछ न कहे तो भी बुरे

"आँखों से हाल पूछा दिल का, एक बूंद टपक पड़ी लहू की..."

आंसू जता देते है "दर्द" कैसा है, "बेरूखी" बता देती है "हमदर्द" कैसा है

मै तुमको भूल तो जाऊं मगर छोटी सी उलझन है.. सुना है... दिल से धड़कन की जुदाई मौत होती है ..!

दिल पर लग जाती है उन्हें अक्सर हमारी बातें, जो कहते थे तुम कुछ भी बोलो बुरा नहीं लगता...

हमे पता है की तुम कहीं और के मुसाफिर हो, हमारा शहर तो यूँ ही बिच में आया था

तमाशा बन गयी है ज़िन्दगी कुछ कहे तो भी बुरे और कुछ न कहे तो भी बुरे

"आँखों से हाल पूछा दिल का, एक बूंद टपक पड़ी लहू की..."

आंसू जता देते है "दर्द" कैसा है, "बेरूखी" बता देती है "हमदर्द" कैसा है