कुछ लोग आए थे मेरा दुख बाँटने मैं जब खुश हुआ तो खफा होकर चल दिये

कुछ लोग आए थे मेरा दुख बाँटने मैं जब खुश हुआ तो खफा होकर चल दिये

Share:

More Like This

सच कहूँ आज पहली दफा लगा की दूरियाँ बड़ी ज़ालिम हैं

मैंने दोस्ती माँगी थी वो इश्क़ देकर बर्बाद कर गया

पसंद ना आए मेरा साथ तो बता देना महसूस भी नहीं कर पाओगे उतना दूर चले जाएंगे .

मेरी याद क़यामत की तरह है एक दिन ज़रूर आएगी

गया था मै तुझसे दुर बहुत कुछ पाने के लिए ……….पर सिवाए तेरी यादो के कुछ हासिल ना हुआ !!!!

कौन करता है यहाँ प्यार निभाने के लिये, दिल तो बस एक खिलौना है जमाने के लिये

सच कहूँ आज पहली दफा लगा की दूरियाँ बड़ी ज़ालिम हैं

मैंने दोस्ती माँगी थी वो इश्क़ देकर बर्बाद कर गया

पसंद ना आए मेरा साथ तो बता देना महसूस भी नहीं कर पाओगे उतना दूर चले जाएंगे .

मेरी याद क़यामत की तरह है एक दिन ज़रूर आएगी

गया था मै तुझसे दुर बहुत कुछ पाने के लिए ……….पर सिवाए तेरी यादो के कुछ हासिल ना हुआ !!!!

कौन करता है यहाँ प्यार निभाने के लिये, दिल तो बस एक खिलौना है जमाने के लिये