नाकाम मोहबत्त भी बड़े काम की होती है, दिल मिले ना मिले इलज़ाम जरुर मिल जाता है।।

नाकाम मोहबत्त भी बड़े काम की होती है, दिल मिले ना मिले इलज़ाम जरुर मिल जाता है।।

Share:

More Like This

हमे पता है तुम कहीं और के मुसाफिर हो हमारा शहर तो बस यूँ ही रस्ते में आया था

पलकों में आँसु और दिल में दर्द सोया है, हँसने वालो को क्या पता, रोने वाला किस कदर रोया है

बडा गजब कीरदार है मोहब्बत का, अधूरी हो सकती है पर ख़त्म नहीं....

मौत आये तो शायद दिन सवर जाए वरना ज़िंदगी ने तो मार ही डाला है

अजीब दस्तूर है, मोहब्बत का, रूठ कोई जाता है, टूट कोई जाता है

गुज़रे है आज इश्‍क के उस मुकाम से, नफरत सी हो गयी है मोहब्बत के नाम से ।

हमे पता है तुम कहीं और के मुसाफिर हो हमारा शहर तो बस यूँ ही रस्ते में आया था

पलकों में आँसु और दिल में दर्द सोया है, हँसने वालो को क्या पता, रोने वाला किस कदर रोया है

बडा गजब कीरदार है मोहब्बत का, अधूरी हो सकती है पर ख़त्म नहीं....

मौत आये तो शायद दिन सवर जाए वरना ज़िंदगी ने तो मार ही डाला है

अजीब दस्तूर है, मोहब्बत का, रूठ कोई जाता है, टूट कोई जाता है

गुज़रे है आज इश्‍क के उस मुकाम से, नफरत सी हो गयी है मोहब्बत के नाम से ।