ज़िन्दगी चैन से गुज़र जाए , तू अगर ज़हन से उतर जाए
उस हस्ती तस्वीर को क्या मालूम, उसे देखकर कितना रोया जाता है
उसने कहा भूल जाओ मुझे, हमने कह दिया, कौन हो तुम ?
तेरी कसम सिर्फ तेरे हैं हम
पलकों में आँसु और दिल में दर्द सोया है, हँसने वालो को क्या पता, रोने वाला किस कदर रोया है
कितनी आसानी से छोड़ दिया तुमने बात करना जैसे सदियो से बोझ थे हम तुम्हारे उपर.
ज़िन्दगी चैन से गुज़र जाए , तू अगर ज़हन से उतर जाए
उस हस्ती तस्वीर को क्या मालूम, उसे देखकर कितना रोया जाता है
उसने कहा भूल जाओ मुझे, हमने कह दिया, कौन हो तुम ?
तेरी कसम सिर्फ तेरे हैं हम
पलकों में आँसु और दिल में दर्द सोया है, हँसने वालो को क्या पता, रोने वाला किस कदर रोया है
कितनी आसानी से छोड़ दिया तुमने बात करना जैसे सदियो से बोझ थे हम तुम्हारे उपर.