जान तक देने की बात करते हैं यह लोग सच कहु तो दिल से दुआ भी नहीं करते
हमे पता है की तुम कहीं और के मुसाफिर हो, हमारा शहर तो यूँ ही बिच में आया था
रुलाती है मगर रोने का नहीं.
कोई हमारा भी था, कल की ही बात है.
रोता देखकर वो ये कह के चल दिए कि, रोता तो हर कोई है क्या हम सब के हो जाएँ
कौन करता है यहाँ प्यार निभाने के लिये, दिल तो बस एक खिलौना है जमाने के लिये
जान तक देने की बात करते हैं यह लोग सच कहु तो दिल से दुआ भी नहीं करते
हमे पता है की तुम कहीं और के मुसाफिर हो, हमारा शहर तो यूँ ही बिच में आया था
रुलाती है मगर रोने का नहीं.
कोई हमारा भी था, कल की ही बात है.
रोता देखकर वो ये कह के चल दिए कि, रोता तो हर कोई है क्या हम सब के हो जाएँ
कौन करता है यहाँ प्यार निभाने के लिये, दिल तो बस एक खिलौना है जमाने के लिये