जिस जिस पर ये जग हँसा है, उस उस ने इतिहास रचा है|

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आपकी मर्जी के बिना कोई भी आपको तुच्छ होने का अहसास नहीं करवा सकता है

हर सुबह इस यकीन के साथ उठो कि मेरा आज बीते हुए कल से बेहतर होगा

मुश्किलें दिलों के इरादों को आजमाएंगी, आँखों के पर्दों को निगाहों से हटाएँगी, गिरकर भी हम को संभलना होगा, ये ठोकरें ही हमको चलना सिखाएंगी।

देर से बनो मगर जरूर कुछ बनो क्योकि वक़्त के साथ लोग खेरियत नहीं हैसियत पूछते है

सफलता शकल देखके कदम नही चुमती! सफलता मेहनत की दिवानी होती हे!

मन मे उतरना और मन से उतरना, केवल आपके स्वभाव पर निर्भर करता है

आपकी मर्जी के बिना कोई भी आपको तुच्छ होने का अहसास नहीं करवा सकता है

हर सुबह इस यकीन के साथ उठो कि मेरा आज बीते हुए कल से बेहतर होगा

मुश्किलें दिलों के इरादों को आजमाएंगी, आँखों के पर्दों को निगाहों से हटाएँगी, गिरकर भी हम को संभलना होगा, ये ठोकरें ही हमको चलना सिखाएंगी।

देर से बनो मगर जरूर कुछ बनो क्योकि वक़्त के साथ लोग खेरियत नहीं हैसियत पूछते है

सफलता शकल देखके कदम नही चुमती! सफलता मेहनत की दिवानी होती हे!

मन मे उतरना और मन से उतरना, केवल आपके स्वभाव पर निर्भर करता है