रात के अंधेरे मे तो हर कोई किसी को याद कर लेता है सुबह उठते ही जिसकी याद आए मोहब्बत उसको कहते है
दिल के रिश्ते का कोई नाम नहीं होता, माना कि इसका कुछ अंजाम नहीं होता, अगर निभाने की चाहत हो दोनों तरफ, तो कसम से कोई रिश्ता नाकाम नहीं होता.
मोहब्बत का एक फरिश्ता ऐसा मिला खुदा तो नही पर खुदा सा मिला
रिश्ते वो होते हैं जिसमे तकरार कम और प्यार ज्यादा हो जिसमे सवाल कम और विश्वास ज्यादा हो
क्या ऐसा नहीं हो सकता हम प्यार मांगे… और तुम गले लगा के कहो, “और कुछ?”
यु तो तुझ से बोलने से डरता हूँ Single भी हूँ, पर तुझसे प्यार भी करता है ||
रात के अंधेरे मे तो हर कोई किसी को याद कर लेता है सुबह उठते ही जिसकी याद आए मोहब्बत उसको कहते है
दिल के रिश्ते का कोई नाम नहीं होता, माना कि इसका कुछ अंजाम नहीं होता, अगर निभाने की चाहत हो दोनों तरफ, तो कसम से कोई रिश्ता नाकाम नहीं होता.
मोहब्बत का एक फरिश्ता ऐसा मिला खुदा तो नही पर खुदा सा मिला
रिश्ते वो होते हैं जिसमे तकरार कम और प्यार ज्यादा हो जिसमे सवाल कम और विश्वास ज्यादा हो
क्या ऐसा नहीं हो सकता हम प्यार मांगे… और तुम गले लगा के कहो, “और कुछ?”
यु तो तुझ से बोलने से डरता हूँ Single भी हूँ, पर तुझसे प्यार भी करता है ||