हम भी कितने बेवकूफ है बेईमान दुनिया से इंसाफ की उम्मीद रखते है...

हम भी कितने बेवकूफ है बेईमान दुनिया से इंसाफ की उम्मीद रखते है...

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"जिंदगी मै सिर्फ़ दो ही नशा करना, जीने के लिए यार और मरने के लीये प्यार"

क्या इतने दूर निकल आये हैं हम, कि तेरे ख्यालों में भी नही आते ?

क्यूँ दुनिया वाले प्यार को ईश्वर का दर्जा देते है ? मैंने तो आज तक नहीं सुना कि ईश्वर ने बेवफ़ाई की हो !!

मेरी जेब मे जरा सा छेद क्या हो गया, सिक्को से ज्यादा तो रिश्ते गिर गए .

तेरी नाराज़गी वाजिब है दोस्त.. मैं भी खुद से खुश नहीं हूं आजकल...

क्या फायदा अनलिमिटेड कॉलिंग और डाटा का जब कोई ढंग से बात करने वाला ही न हो

"जिंदगी मै सिर्फ़ दो ही नशा करना, जीने के लिए यार और मरने के लीये प्यार"

क्या इतने दूर निकल आये हैं हम, कि तेरे ख्यालों में भी नही आते ?

क्यूँ दुनिया वाले प्यार को ईश्वर का दर्जा देते है ? मैंने तो आज तक नहीं सुना कि ईश्वर ने बेवफ़ाई की हो !!

मेरी जेब मे जरा सा छेद क्या हो गया, सिक्को से ज्यादा तो रिश्ते गिर गए .

तेरी नाराज़गी वाजिब है दोस्त.. मैं भी खुद से खुश नहीं हूं आजकल...

क्या फायदा अनलिमिटेड कॉलिंग और डाटा का जब कोई ढंग से बात करने वाला ही न हो