"इतने बड़े बनो कि जब आप खड़े हों तो कोई बैठा न रहे !"
इंसान की सबसे बड़ी कमजोरी अपनी तुलना दूसरो से करना
मुस्किले आसानी से हल हो सकती तो मुश्किले ना कहलाती
खुशनसीब वो नहीं जिसका नसीब अच्छा है खुशनसीब वो है जो अपने नसीब से खुश है
अच्छी ज़िन्दगी जीने के बस दो ही तरीके हैं ! एक जो पसंद है उसे हासिल करलो या जो हासिल है उसे पसंद करना सीखलो !!
अगर सफल होने का जुनून सर पर है तो मुश्किले आप को नहीं रोक पायेगी .
"इतने बड़े बनो कि जब आप खड़े हों तो कोई बैठा न रहे !"
इंसान की सबसे बड़ी कमजोरी अपनी तुलना दूसरो से करना
मुस्किले आसानी से हल हो सकती तो मुश्किले ना कहलाती
खुशनसीब वो नहीं जिसका नसीब अच्छा है खुशनसीब वो है जो अपने नसीब से खुश है
अच्छी ज़िन्दगी जीने के बस दो ही तरीके हैं ! एक जो पसंद है उसे हासिल करलो या जो हासिल है उसे पसंद करना सीखलो !!
अगर सफल होने का जुनून सर पर है तो मुश्किले आप को नहीं रोक पायेगी .