जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं रातों से लड़ना पड़ता है
जिस काम में काम करने की हद पार ना हो फिर वो काम किसी काम का नही
क्रोध में भी शब्दो का चुनाव ऐसा होना चाहिए कि कल जब गुस्सा उतरे तो खुद की नजरों में शर्मिंदा न होना पड़े
शर्म की अमीरी से इज्जत की गरीबी अच्छी है।
अभिमान नहीं होना चाहिए कि मुझे किसी की जरूरत नहीं पड़ेगी, और यह वहम भी नहीं होना चाहिए कि सबको मेरी जरूरत पड़ेगी......!!
आप ही अपने काम आएंगे... सीखिए ख़ुद से मशवरा करना....!!
जिंदगी को सफल बनाने के लिए बातों से नहीं रातों से लड़ना पड़ता है
जिस काम में काम करने की हद पार ना हो फिर वो काम किसी काम का नही
क्रोध में भी शब्दो का चुनाव ऐसा होना चाहिए कि कल जब गुस्सा उतरे तो खुद की नजरों में शर्मिंदा न होना पड़े
शर्म की अमीरी से इज्जत की गरीबी अच्छी है।
अभिमान नहीं होना चाहिए कि मुझे किसी की जरूरत नहीं पड़ेगी, और यह वहम भी नहीं होना चाहिए कि सबको मेरी जरूरत पड़ेगी......!!
आप ही अपने काम आएंगे... सीखिए ख़ुद से मशवरा करना....!!