सबसे बड़ी रिस्क तब रहती है जब हमें पता नही रहता कि हम क्या कर रहे है
इस दुनिया में सम्मान से जीने का सबसे महान तरीका है कि हम वो बनें जो होने का हम दिखावा करते हैं।
किसी को आपकी कहानी में कोई दिलचस्पी नही होती जब तक कि आप जीत नही जाते
पैर में मोच और गिरी हुई सोच, कभी इंसान को आगे बढ़ने नहीं देती
संभालना ही है तो रिश्ते संभालो तस्वीरे तो हर कोई संभाल के रखता है
सुख दुख तो अतिथि है, बारी बारी से आएंगे, चले जाएंगे यदि वह नहीं आएंगे तो, हम अनुभव कहां से लाएंगे
सबसे बड़ी रिस्क तब रहती है जब हमें पता नही रहता कि हम क्या कर रहे है
इस दुनिया में सम्मान से जीने का सबसे महान तरीका है कि हम वो बनें जो होने का हम दिखावा करते हैं।
किसी को आपकी कहानी में कोई दिलचस्पी नही होती जब तक कि आप जीत नही जाते
पैर में मोच और गिरी हुई सोच, कभी इंसान को आगे बढ़ने नहीं देती
संभालना ही है तो रिश्ते संभालो तस्वीरे तो हर कोई संभाल के रखता है
सुख दुख तो अतिथि है, बारी बारी से आएंगे, चले जाएंगे यदि वह नहीं आएंगे तो, हम अनुभव कहां से लाएंगे