मनुष्य अपने विश्वास से निर्मित होता है, जैसा वो विश्वास करता है वैसा वो बन जाता है

मनुष्य अपने विश्वास से निर्मित होता है, जैसा वो विश्वास करता है वैसा वो बन जाता है

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समय कई ज़ख्म देता है इसलिए घड़ी में फूल नही काटे होते है

मनुष्य अपने विश्वास से निर्मित होता है.जैसा वो विश्वास करता है वैसा वो बन जाता है.

सबसे बड़ी रिस्क तब रहती है जब हमें पता नही रहता कि हम क्या कर रहे है

जिंदगी में ऐसे लोग भी मिलते हैं.... जो वादे तो नहीं करते लेकिन निभा बहुत कुछ जाते है.,. अक्सर वही रिश्ते, लाजवाब होते हैं... जो एहसानों से नहीं, एहसासों से बने होते हैं..!

जीवन में उन सपनों का कोई महत्व नही जिनको पूरा करने के लिए अपनो से ही छल करना पडे

कामयाब होने के लिए कई बार हमें जो है उसी में शुरुआत कर लेनी होती है, भले तैयारी पूरी ना हो क्योंकि यह इंतजार करने से काफी बेहतर है।

समय कई ज़ख्म देता है इसलिए घड़ी में फूल नही काटे होते है

मनुष्य अपने विश्वास से निर्मित होता है.जैसा वो विश्वास करता है वैसा वो बन जाता है.

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जीवन में उन सपनों का कोई महत्व नही जिनको पूरा करने के लिए अपनो से ही छल करना पडे

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