प्रेम में बोला गया मात्र एक झूठ कभी ना टूटने वाले संबंध की जड़े भी हिला देता है
उस पछतावे के साथ मत जागिये जिसे आप कल पूरा नहीं कर सके, उस संकल्प के साथ जागिये जिसे आपको आज पूरा करना
ढुढो सुकून तोह ख़ुद में हे दूसरो में सिर्फ उलझन मिलेगी
खिचड़ी अगर बर्तन में पके तो बीमार को ठीक कर देती है और यदि दिमाग में पके तो इंसान को बीमार कर देती है
बगुले से एकाग्रचित्त होने की शिक्षा ग्रहण करनी चाहिए. जिस प्रकार बगुला अपनी समस्त क्रियाओं को त्यागकर एकाग्रचित्त हो, अपने शिकार का ध्यान करता है और मुनिजनो को बगुले के तरह श्रेष्ठ आसन अपनाना चाहिए.
जब तक किसी व्यक्ति द्वारा अपनी संभावनाओं से अधिक कार्य नहीं किया जाता है, तब तक उस व्यक्ति द्वारा वह सब कुछ नहीं किया जा सकेगा जो वह कर सकता है
प्रेम में बोला गया मात्र एक झूठ कभी ना टूटने वाले संबंध की जड़े भी हिला देता है
उस पछतावे के साथ मत जागिये जिसे आप कल पूरा नहीं कर सके, उस संकल्प के साथ जागिये जिसे आपको आज पूरा करना
ढुढो सुकून तोह ख़ुद में हे दूसरो में सिर्फ उलझन मिलेगी
खिचड़ी अगर बर्तन में पके तो बीमार को ठीक कर देती है और यदि दिमाग में पके तो इंसान को बीमार कर देती है
बगुले से एकाग्रचित्त होने की शिक्षा ग्रहण करनी चाहिए. जिस प्रकार बगुला अपनी समस्त क्रियाओं को त्यागकर एकाग्रचित्त हो, अपने शिकार का ध्यान करता है और मुनिजनो को बगुले के तरह श्रेष्ठ आसन अपनाना चाहिए.
जब तक किसी व्यक्ति द्वारा अपनी संभावनाओं से अधिक कार्य नहीं किया जाता है, तब तक उस व्यक्ति द्वारा वह सब कुछ नहीं किया जा सकेगा जो वह कर सकता है