जिन लोगो को 1 लाख की घड़ी और 100 रुपए की घड़ी में फर्क नजर नही आता उन लोगो से दूर ही रहो तो बेहतर है ये आपकी सोच खत्म कर देंगे
वक्त होता है बदलने के लिए, ठहरते तो बस लम्हे ही हैं ....!!
तुम व्यर्थ में ही अच्छे अवसरों को ढूंढने में लगे हो..तुम जिंदा हो क्या ये बड़ा अवसर नही हो
जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
जब रिश्तों में झूठ बोलने की आवश्यकता महसूस होने लगे, तब समझ लेना चाहिए कि रिश्ता समाप्ति की ओर है
शब्द यात्रा करते हैं... इसलिए पीठ पीछे भी, किसी की निंदा न करें
जिन लोगो को 1 लाख की घड़ी और 100 रुपए की घड़ी में फर्क नजर नही आता उन लोगो से दूर ही रहो तो बेहतर है ये आपकी सोच खत्म कर देंगे
वक्त होता है बदलने के लिए, ठहरते तो बस लम्हे ही हैं ....!!
तुम व्यर्थ में ही अच्छे अवसरों को ढूंढने में लगे हो..तुम जिंदा हो क्या ये बड़ा अवसर नही हो
जिंदगी उसके साथ बिताओ जिसके साथ बेखौफ होकर एक छोटे बच्चे की तरह हंस सको
जब रिश्तों में झूठ बोलने की आवश्यकता महसूस होने लगे, तब समझ लेना चाहिए कि रिश्ता समाप्ति की ओर है
शब्द यात्रा करते हैं... इसलिए पीठ पीछे भी, किसी की निंदा न करें