तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।
कभी जिंदगी के धागे टूट जाए तो हमारे पास आना..हम हौसलों के दर्जी है मुफ्त में रफू करते हैं....|
चेहरा तो मिल ही जाएगा हमसे भी खुबसूरत पर जब बात दिल की आएगी ना तो हार जाओगे तुम
उस हस्ती तस्वीर को क्या मालूम, उसे देखकर कितना रोया जाता है
तुमसे गुस्सा होकर भी तुम्हे ही ढूंढा करता हूँ
मुझमें ही हौसला नहीं वरना .. छत का पंखा पुकारता है मुझे....
तुझे जाना था तो हमने जाने दिया तुझे,, इससे बढ़कर और क्या वफा करते हम।
कभी जिंदगी के धागे टूट जाए तो हमारे पास आना..हम हौसलों के दर्जी है मुफ्त में रफू करते हैं....|
चेहरा तो मिल ही जाएगा हमसे भी खुबसूरत पर जब बात दिल की आएगी ना तो हार जाओगे तुम
उस हस्ती तस्वीर को क्या मालूम, उसे देखकर कितना रोया जाता है
तुमसे गुस्सा होकर भी तुम्हे ही ढूंढा करता हूँ
मुझमें ही हौसला नहीं वरना .. छत का पंखा पुकारता है मुझे....