परिवार एक संगीत की तरह होता है कुछ ऊंचे सुर होते है कुछ निचे सुर होते है और सबको मिलकर एक सुन्दर गाना बनता है

परिवार एक संगीत की तरह होता है कुछ ऊंचे सुर होते है कुछ निचे सुर होते है और सबको मिलकर एक सुन्दर गाना बनता है

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ना कोई मेरा, ना मैं किसी और का, अपनी माँ की जान हूँ, शुक्र है भगवान का ||

तुम्हारा गुस्सा इतना सुंदर है कि जी करता है तुम्हें बस तंग करता रहु।

प्यार किया नहीं जाता प्यार तो बस हो जाता है।

तुम मेरे प्यार की हद क्या जानोगे तुम्हें साँसो से अधिक प्रेम करते है हम ये बात तुम क्या मानोगे।

किसी को इतना भी मत चाहो कि बाद मे भुलाना मुश्किल हो।

आज भी मै उस गली से गुजरता हु जिस गली मे तुम्हारे पैरो के निशान छूटे है।

ना कोई मेरा, ना मैं किसी और का, अपनी माँ की जान हूँ, शुक्र है भगवान का ||

तुम्हारा गुस्सा इतना सुंदर है कि जी करता है तुम्हें बस तंग करता रहु।

प्यार किया नहीं जाता प्यार तो बस हो जाता है।

तुम मेरे प्यार की हद क्या जानोगे तुम्हें साँसो से अधिक प्रेम करते है हम ये बात तुम क्या मानोगे।

किसी को इतना भी मत चाहो कि बाद मे भुलाना मुश्किल हो।

आज भी मै उस गली से गुजरता हु जिस गली मे तुम्हारे पैरो के निशान छूटे है।