अपनी झोपड़ी में राज करना, दुसरो के महल में गुलामी करने से बेहतर है...

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हम चीजो को उस तरह से नही देखते जिस तरह से वे है बल्कि हम चीजो को उस तरह से देखते है जिस तरह के हम है।

एक बात कहूँ राज़ की कोई अगर तुम्हे सिर्फ ज़रुरत के वक़्त याद करता है तो समझ लेना की तुम उसके लिए ज़रूरी नहीं हो।

जब टूटने लगे हौंसला तो बस ये याद रखना, बिना मेहनत के हासिल तख़्त-ओ-ताज नहीं होते, ढूढ़ लेना अंधेरे में ही मंजिल अपनी दोस्तों, क्योंकि जुगनू कभी रोशनी के मोहताज़ नहीं होते।

जीवन का सबक.... जल्द ही किसी को Judge मत करो!!

एक झूठे व्यक्ति को हमेशा अच्छी याददाश्त की जरुरत होती है !

वक़्त की ताक़त तुम क्या समझोगे ये उसका भी हो जाता है जिसका कोई नहीं होता।

हम चीजो को उस तरह से नही देखते जिस तरह से वे है बल्कि हम चीजो को उस तरह से देखते है जिस तरह के हम है।

एक बात कहूँ राज़ की कोई अगर तुम्हे सिर्फ ज़रुरत के वक़्त याद करता है तो समझ लेना की तुम उसके लिए ज़रूरी नहीं हो।

जब टूटने लगे हौंसला तो बस ये याद रखना, बिना मेहनत के हासिल तख़्त-ओ-ताज नहीं होते, ढूढ़ लेना अंधेरे में ही मंजिल अपनी दोस्तों, क्योंकि जुगनू कभी रोशनी के मोहताज़ नहीं होते।

जीवन का सबक.... जल्द ही किसी को Judge मत करो!!

एक झूठे व्यक्ति को हमेशा अच्छी याददाश्त की जरुरत होती है !

वक़्त की ताक़त तुम क्या समझोगे ये उसका भी हो जाता है जिसका कोई नहीं होता।