तुम्हारी गलती केवल तुम्हारी ही गलती होगी तुम्हरी हार सिर्फ तुम्हारी हार है किसी को दोष देने की बजाय अपनी गलती को सुधारा और आगे बड़ों|

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खुद को खोजिए नही तो जीवन भर आपको दूसरों की राय पर निर्भर रहना पड़ेगा..!!

किसी भी कार्य में पल भर का भी विलम्ब न करें।

हर सुबह इस यकीन के साथ उठो कि मेरा आज बीते हुए कल से बेहतर होगा

अपने जीवन की तुलना किसी के साथ नहीं करनी चाहिए "सूर्य" और "चद्रमा" के बीच कोई तुलना नहीं हैं जब जिसका वक़्त आता है तभी वो चमकता है

मंजिल मेरे कदमों से अभी दूर बहुत है... मगर तसल्ली ये है कि कदम मेरे साथ हैं

प्रतिदिन हमें कुछ न कुछ नया ग्रहण करना चाहिए, फिर चाहे वह एक श्लोक, उसका एक अंश अथवा एक शब्द मात्र ही क्यों न हो. एक-एक शब्द ही एक दिन विशाल समुद्र का रूप धारण कर लेता है.

खुद को खोजिए नही तो जीवन भर आपको दूसरों की राय पर निर्भर रहना पड़ेगा..!!

किसी भी कार्य में पल भर का भी विलम्ब न करें।

हर सुबह इस यकीन के साथ उठो कि मेरा आज बीते हुए कल से बेहतर होगा

अपने जीवन की तुलना किसी के साथ नहीं करनी चाहिए "सूर्य" और "चद्रमा" के बीच कोई तुलना नहीं हैं जब जिसका वक़्त आता है तभी वो चमकता है

मंजिल मेरे कदमों से अभी दूर बहुत है... मगर तसल्ली ये है कि कदम मेरे साथ हैं

प्रतिदिन हमें कुछ न कुछ नया ग्रहण करना चाहिए, फिर चाहे वह एक श्लोक, उसका एक अंश अथवा एक शब्द मात्र ही क्यों न हो. एक-एक शब्द ही एक दिन विशाल समुद्र का रूप धारण कर लेता है.