संभव और असंभव के बिच की दुरी, व्यक्ति के निश्चय पर निर्भर करती है !!

संभव और असंभव के बिच की दुरी, व्यक्ति के निश्चय पर निर्भर करती है !!

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पैर खिचने से अच्छा है हाथ खिंचिये, क्या पता अपना कोई ऊपर आ जाये !!

अगर आप जिद्दी हो तो आप अपने हर सपने को हकीकत में बदल सकते हो

पंख मिलते ही जो जमीन भूल जाता है वो ज्यादा दिन आकाश में उड़ नही पता है..

खुद वो बदलाव बनिए जो दुनिया में आप देखना चाहते हैं

"बदलना" ख़राब नहीं हैं , ख़राब हैं बदल कर , पहले से "बदतर" हो जाना

जल्द मिलने वाली चीजे ज्यादा दिन तक नही चलती, और जो चीजे ज्यादा दिन तक चलती है वो जल्दी नही मिलती।

पैर खिचने से अच्छा है हाथ खिंचिये, क्या पता अपना कोई ऊपर आ जाये !!

अगर आप जिद्दी हो तो आप अपने हर सपने को हकीकत में बदल सकते हो

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खुद वो बदलाव बनिए जो दुनिया में आप देखना चाहते हैं

"बदलना" ख़राब नहीं हैं , ख़राब हैं बदल कर , पहले से "बदतर" हो जाना

जल्द मिलने वाली चीजे ज्यादा दिन तक नही चलती, और जो चीजे ज्यादा दिन तक चलती है वो जल्दी नही मिलती।