आँखे भी खोलनी पड़ती है उजाले के लिए, केवल सूरज के निकलने से ही अँधेरा नही जाता
खुशियों की तलाश वहाँ मत करो जहाँ गम को छोड़ा था
सिर्फ जहर ही मौत नही देता कुछ लोगो की बाते भी काफी होती है
कुछ सहन करना सीखना चाहिए क्योंकि हममें भी ऐसी बहुत सी कमियां है जिन्हें दूसरे लोग सहन करते है
जिंदगी के हर मोड़ पर हमे वही करना चाहिये..... जो हमारा दिल हमसे कहे, क्योंकि जो दिमाग कहता है वो "मज़बूरी" होती है, और जो दिल कहता है वो "मंजूरी" होती है...
धीरे-धीरे आगे बढ़ते रहना भी अच्छा है..कम से कम उन लोगो से तो आगे रहोगे जो Try भी नही कर रहे
आँखे भी खोलनी पड़ती है उजाले के लिए, केवल सूरज के निकलने से ही अँधेरा नही जाता
खुशियों की तलाश वहाँ मत करो जहाँ गम को छोड़ा था
सिर्फ जहर ही मौत नही देता कुछ लोगो की बाते भी काफी होती है
कुछ सहन करना सीखना चाहिए क्योंकि हममें भी ऐसी बहुत सी कमियां है जिन्हें दूसरे लोग सहन करते है
जिंदगी के हर मोड़ पर हमे वही करना चाहिये..... जो हमारा दिल हमसे कहे, क्योंकि जो दिमाग कहता है वो "मज़बूरी" होती है, और जो दिल कहता है वो "मंजूरी" होती है...
धीरे-धीरे आगे बढ़ते रहना भी अच्छा है..कम से कम उन लोगो से तो आगे रहोगे जो Try भी नही कर रहे