दोषहीन कार्यों का होना दुर्लभ होता है।
जीवन मे सिर्फ वहाँ तक ही "झुकना' चाहिए जहाँ तक सम्बन्धो में "लचकता" और मन मे "आत्मसम्मान" बना रहे
कई जीत बाकी है कई हार बाकी है, अभी तो जिंदगी का सार बाकी है। यहां से चले हैं नई मंजिल के लिए, यह तो एक पन्ना था अभी तो पुरी किताब बाकी है॥
ऊँचे ख्वाबों के लिए... दिल की गहराई से काम करना पड़ता है यूँ ही नहीं मिलती सफलता किसी को.. मेहनत की आग में दिन-रात जलना पड़ता है
कुछ लोग आपसे नफरत इसलिए करने लगते है... क्योंकि आपकी सही बात उसे कड़वी लग जाती है
हर एक चीज में खूबसूरती होती है, लेकिन हर कोई उसे नहीं देख पाता
दोषहीन कार्यों का होना दुर्लभ होता है।
जीवन मे सिर्फ वहाँ तक ही "झुकना' चाहिए जहाँ तक सम्बन्धो में "लचकता" और मन मे "आत्मसम्मान" बना रहे
कई जीत बाकी है कई हार बाकी है, अभी तो जिंदगी का सार बाकी है। यहां से चले हैं नई मंजिल के लिए, यह तो एक पन्ना था अभी तो पुरी किताब बाकी है॥
ऊँचे ख्वाबों के लिए... दिल की गहराई से काम करना पड़ता है यूँ ही नहीं मिलती सफलता किसी को.. मेहनत की आग में दिन-रात जलना पड़ता है
कुछ लोग आपसे नफरत इसलिए करने लगते है... क्योंकि आपकी सही बात उसे कड़वी लग जाती है
हर एक चीज में खूबसूरती होती है, लेकिन हर कोई उसे नहीं देख पाता