बहुत ज़रूरी है जिंदगी में थोड़ा खालीपन क्योंकि यही वो समय है जहाँ हमारी मुलाकात 'हमसे' होती है
दुष्टों से दुष्टता करने में कोई दोष नहीं है.
कोई भी "व्यक्ति" हमारा "मित्र" या "शत्रु" बनकर "संसार" में नही आता हमारा "व्यवहार" और "शब्द" ही लोगो को "मित्र" और "शत्रु" बनाते है
जज्बा रखो सच और झूठ को परखने का कानों में जहर घोलना तो जमाने का काम है
कभी कभी आप बिना कुछ गलत किये भी बुरे बन जाते है क्योंकि जैसा लोग चाहते थे आप वैसा नही करते
उम्मीद हमे कभी भी छोड़ कर नहीं जाती बस हम ही उसे छोड़ देते है
बहुत ज़रूरी है जिंदगी में थोड़ा खालीपन क्योंकि यही वो समय है जहाँ हमारी मुलाकात 'हमसे' होती है
दुष्टों से दुष्टता करने में कोई दोष नहीं है.
कोई भी "व्यक्ति" हमारा "मित्र" या "शत्रु" बनकर "संसार" में नही आता हमारा "व्यवहार" और "शब्द" ही लोगो को "मित्र" और "शत्रु" बनाते है
जज्बा रखो सच और झूठ को परखने का कानों में जहर घोलना तो जमाने का काम है
कभी कभी आप बिना कुछ गलत किये भी बुरे बन जाते है क्योंकि जैसा लोग चाहते थे आप वैसा नही करते
उम्मीद हमे कभी भी छोड़ कर नहीं जाती बस हम ही उसे छोड़ देते है