कोई भी ऊँचाई इतनी कठिन नहीं है कि उस तक नहीं पहुँचा जा सके|

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निंदा से घबराकर लक्ष्य को मत छोड़े क्योंकि निंदा करने वालों की राय लक्ष्य मिलते ही बदल जाती है

“भागते रहो अपने लक्ष्य के पीछे, क्यूंकि आज नहीं तो और कभी, करेंगे लोग गौर कभी, लगे रहो बस रुकना मत, आयेगा तुम्हारा दौर कभी।”

अगर कुछ तोड़ना है तो रिकॉर्ड तोड़ो किसी का हौसला नही

फासले जब महसूस होने लगे तो बना भी लेने चाहिए

उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है

जिंदगी में कुछ करना और कुछ बनना हैं, तो अकेले रहने की आदत डालो

निंदा से घबराकर लक्ष्य को मत छोड़े क्योंकि निंदा करने वालों की राय लक्ष्य मिलते ही बदल जाती है

“भागते रहो अपने लक्ष्य के पीछे, क्यूंकि आज नहीं तो और कभी, करेंगे लोग गौर कभी, लगे रहो बस रुकना मत, आयेगा तुम्हारा दौर कभी।”

अगर कुछ तोड़ना है तो रिकॉर्ड तोड़ो किसी का हौसला नही

फासले जब महसूस होने लगे तो बना भी लेने चाहिए

उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है

जिंदगी में कुछ करना और कुछ बनना हैं, तो अकेले रहने की आदत डालो