ये सोच है हम इसांनो की कि एक अकेला क्या कर सकता है पर देख जरा उस सूरज को वो अकेला ही तो चमकता है।
इंसान को कठिनाइयों की आवश्यकता होती है, क्योंकि सफलता का आनंद उठाने के लिए ये ज़रूरी है।
परेशानियां हमारी कमजोरियां साबित नही करती बल्कि यह बताती है कि हमे और
अवसर और सूर्योदय में एक ही समानता है.. देर करने वाले इन्हें खो देते हैं!!
इतने दर्द के बाद भी मुस्कुरा रहा हूँ ए ज़िंदगी देख तुझे कैसे हरा रहा हूँ मैं
उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है
ये सोच है हम इसांनो की कि एक अकेला क्या कर सकता है पर देख जरा उस सूरज को वो अकेला ही तो चमकता है।
इंसान को कठिनाइयों की आवश्यकता होती है, क्योंकि सफलता का आनंद उठाने के लिए ये ज़रूरी है।
परेशानियां हमारी कमजोरियां साबित नही करती बल्कि यह बताती है कि हमे और
अवसर और सूर्योदय में एक ही समानता है.. देर करने वाले इन्हें खो देते हैं!!
इतने दर्द के बाद भी मुस्कुरा रहा हूँ ए ज़िंदगी देख तुझे कैसे हरा रहा हूँ मैं
उस मनुष्य की ताकत का कोई मुकाबला नही कर सकता जिसके पास सब्र की ताकत है